100 से अधिक गाँव की पानी की समस्या हुई दूर

Author:देव चौहान

जिला देहरादून के जनजातीय क्षेत्र नागथात और उसके आस पास के 100 से अधिक गांवों के हजारों ग्रामीणों को लगभग 70 साल बाद पेयजल किल्लत से जल्द निजात मिलेगी यहां 24 करोड़ की लागत से बन रही पम्पिंग  पेयजल योजना अंतिम चरण में पहुंच गई है सितंबर माह से योजना से पेयजल आपूर्ति शुरू कर दी जाएगी.

इसके लिए इन दिनों नई पेयजल लाइन बिछाने का काम चल रहा है नागथात  क्षेत्र के खत बहलाड लखवाड़ फटाड कोरु के गांव के साथ ही नागथात डूंडीलानी  विरातखाई चुरानी और खत शैली के गांव में पिछले 70 साल से पेयजल की समस्या बनी हुई है. गत वर्ष क्षेत्र के दौरे पर आए पूर्व सीएम त्रिवेंद्र रावत ने यमुना से पंपिंग पेयजल योजना निर्माण की घोषणा की थी जिसके बाद योजना पर काम शुरू कराया गया।

अब निर्माण कार्य अंतिम चरण में चल रहा है जिससे अब हजारों की आबादी को पेयजल समस्या से निजात मिलने की उम्मीद जगी है स्थानीय निवासी इंद्र सिंह नेगी गोपाल तोमर नरेश चौहान रवि चौहान भारत चौहान ने बताया कि उनकी समस्या का समाधान हो रहा है तीन चरणों में यमुना से पहुंचेगा पानी 7 किलोमीटर लंबी पम्पिंग योजना के तहत जमुना से पानी कानदोई तक पहुंचाया जाएगा उसके बाद बीसोई और फिर झुलका डांडा पानी पहुंचेगा झलका डांडा से ओवरहेड टैंक के माध्यम से अलग-अलग गांवों को पानी मुहैया कराया जाएगा.

Latest

गुजरात के विश्वविद्यालय ने वर्षा जल को सरंक्षित करने का नायाब तरीका ढूंढा 

‘अपशिष्ट जल से ऊर्जा बनाने में अधिक सक्षम है पौधा-आधारित माइक्रोबियल फ्यूल सेल’: अध्ययन

15वें वित्त आयोग द्वारा ग्रामीण स्थानीय निकायों को जल और स्वच्छता के लिए सशर्त अनुदान

गंगा किनारे लोगों के घर जब डूबने लगे

ग्रामीण स्थानीय निकायों को 15वें वित्त आयोग का अनुदान और ग्रामीण भारत में जल एवं स्वच्छता क्षेत्र पर इसका प्रभाव

जल संसाधन के प्रमुख स्त्रोत क्या है

बाढ़ की तबाही के बीच स्त्रियों की समस्याएं

अनदेखी का शिकार: शुद्ध जल संकट का स्थायी निदान

महाराष्ट्र एक्वीफर मैपिंग द्वारा जलस्रोत स्थिरता सुनिश्चित करना 

बिहार में जलवायु संकट से बढ़े हीट वेव से निपटने का बना एक्शन प्लान