जगह-जगह पौधरोपण, ली पर्यावरण संरक्षण की शपथ

Author:राष्ट्रीय सहारा
Source:राष्ट्रीय सहारा 6 जून 2015
Paryavaran Diwas गाज़ियाबाद (एसएनबी)। गाज़ियाबाद विकास प्राधिकरण के सभी अधिकारियों व कर्मचारियों ने विश्व पर्यावरण दिवस पर पर्यावरण संरक्षण के लिये वन, झील, नदी व वन्य जीवों की रक्षा और संवर्धन करने तथा प्राणी मात्र के प्रति दया भाव रखने की शपथ ली। प्राधिकरण कर्मचारियों को यह शपथ प्राधिकरण के उपाध्यक्ष विजय कुमार यादव ने दिलाई। इस मौके पर पर्यावरण सुधार से जुड़े कार्यक्रम भूजल संरक्षण (रेन वाटर हार्वेस्टिंग) प्राकृतिक झीलों के सुधार, वन्य जीवों की रक्षा, प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण, सघन पौधरोपण, वृक्षों का कटान रोकने, कागज संरक्षण, ध्वनि प्रदूषण नियन्त्रण तथा वैकल्पिक ऊर्जा को बढ़ावा देने आदि विषयों पर विशेष रूप से चर्चा की गई। जीडीए के सचिव रवीन्द्र गोडबोले ने पर्यावरण संरक्षण के लिये किये जा रहे प्राधिकरण के कार्यों व भावी योजनाओं के बारे में भी विस्तार से बताया।

जीडीए सचिव ने बताया कि जीडीए प्रदूषण नियन्त्रण एवं पर्यावरण संरक्षण के लिये पहले से ही आईएसओ 14001:2004 प्राप्त है। आगे भी प्राधिकरण गाजियाबाद शहर को पर्यावरण संरक्षण युक्त एवं प्रदूषण मुक्त रखने के लिये प्रयासरत है। मौजूदा वर्ष में प्राधिकरण ने 1,62,625 पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इनमें से 12,000 पौधे प्राधिकरण की योजनाओं में कार्यरत भवन निर्माता एवं शैक्षणिक संस्थाओं से उन्हीं के व्यय पर लगवाए जाएँगे। वहीं 1,50,625 पौधे प्राधिकरण अपने संसाधनों से लगवाएगा। फिलहाल 143 पार्क प्राधिकरण के नियन्त्रण में हैं। इनमें राजेन्द्रनगर स्थित 40 एकड़ क्षेत्रफल का डॉ. राम मनोहर लोहिया पार्क, इन्दिरापुरम स्थित 25 एकड़ क्षेत्रफल का स्वर्ण जयन्ती पार्क, सात एकड़ का रानी अवन्तिबाई पार्क, राजनगर में 25 एकड़ में विकसित सेंट्रल पार्क, मानव औषधी पार्क, कलाधाम पार्क, वैशाली योजना में मेट्रो जोन एरिया, इन्दिरापुरम में ग्रीन वैली व भाऊराव देवरस योजना प्रताप विहार में हाईब्रिड कैना गार्डन प्रमुख हैं। इसके अतिरिक्त शहर में 150 एकड़ में सिटी फॉरेस्ट विकसित करने का काम भी प्रगति पर है। उन्होंने बताया कि पार्कों का सर्वे कराया जा रहा है। बाद में पार्कों का चयन कर सुदृढ़ीकरण का काम किया जाएगा।

प्राधिकरण के सचिव रवीन्द्र गोडबोले ने बताया कि शहर में वाहनों की बढ़ती संख्या से हो रहे प्रदूषण को कम करने के लिये यातायात सुगम बनाने के लिये जीडीए निरन्तर प्रयासरत है। इसके लिये फ्लाईओवर, एलिवेटेड रोड, अंडरपास का निर्माण, चौराहों एवं सड़कों को चौड़ा करने का काम किया जा रहा है। यातायात सुगम करने तथा वाहनों की संख्या नियन्त्रित करने के लिये मेट्रो रेल का कार्य प्रगति पर है। जल स्तर में सुधार के लिये प्राकृतिक झीलों के जीर्णोंद्धार के साथ नई झीलों का विकास एवं अधिक से अधिक वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम की स्थापना की जा रही है। वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों के उपयोग को बढ़ाने के लिये सोलर लाइट एवं सोलर हीटर की स्थापना पर बल दिया जा रहा है। सड़कों के किनारे हरियाली विकसित करना, पार्कों में पक्षियों के संरक्षण हेतु दाना डालना व पीने के पानी की व्यवस्था भी जीडीए करवा रहा है। वहीं जल शोधन प्लांट का संचालन एवं शोधित जल का उपयोग बागवानी के लिये करने की कार्ययोजना तैयार की जा रही है, जिससे भारी मात्रा में जल की बचत होगी।

प्रभारी जिलाधिकारी/मुख्य विकास अधिकारी कृष्णा करुणेश ने विश्व पर्यावरण दिवस पर कलक्ट्रेट परिसर में आम का पौधा लगाया। उनके साथ नगर मजिस्ट्रेट डॉ. नितिन मदान व कलक्ट्रेट के अनेक कर्मचारी भी मौजूद थे। कलक्ट्रेट कर्मचारियों को सम्बोधित कर सीडीओ ने कहा कि अपने बच्चों के भविष्य को सुरक्षित रखने के लिये लोग दो-दो पौधे अवश्य लगाएँ। उत्तर प्रदेश में वनों का क्षेत्रफल घटना चिन्ता का विषय है। प्राकृतिक पर्यावरण सन्तुलन बनाए रखने के लिये अधिक से अधिक पौधरोपण व संरक्षण जरूरी है ताकि वे वृक्ष बनकर पूरी तरह फल-फूल सकें। विश्व पर्यावरण दिवस पर जिला न्यायालय में पौधरोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस मौके पर न्यायिक अधिकारियों ने न्यायालय परिसर में पौधरोपण किया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव रामकिशोर पाण्डेय ने बताया कि जिला न्यायाधीश अनिल श्रीवास्तव के निर्देशन में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस मौके पर जिला न्यायाधीश अनिल श्रीवास्तव, अपर जिला जज सीबीआई सुश्री जी. श्रीदेवी, अरुण चन्द्र श्रीवास्तव, अपर जिला जज विनोद कुमार, अपर जिला जज अनिल कुमार झा, अपर जिला जज सीबीआई कोट संख्या-2 पवन कुमार तिवारी समेत अनेक न्यायिक अधिकारियों व न्यायालय के कर्मचारियों ने पौधरोपण कार्यक्रम में शिरकत की। न्यायालय परिसर में अमरूद, जामुन, पापड़ी एवं कनेर आदि के पौधे रोपित किए गए।

हापुड़। जनपद के गाँव नली हुसैनपुर स्थित आदर्श इंटर कॉलेज व सिटी क्षेत्र में स्थित एसएसवी इंटर व डिग्री कॉलेज में पर्यावरण दिवस पर कार्यक्रम का आयोजन कर पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण हेतु शपथ दिलाई गई। इस मौके पर स्लोगन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। आदर्श इंटर कॉलेज में नेशनल ग्रीन कोर योजना के तहत गठित इको क्लब के तत्वाधान में आयोजित कार्यक्रम में प्रधानाचार्य उपकार दत्त शर्मा के नेतृत्व में कॉलेज प्रांगण में पौधरोपण किया गया। दूसरी ओर एसएसवी डिग्री कॉलेज में पर्यावरण दिवस पर स्लोगन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में रिचा मसन्द, निकिता यादव व कोमल कटारिया ने पहला, दूसरा और तीसरा स्थान प्राप्त किया। इससे पूर्व कॉलेज प्रबन्ध समिति अध्यक्ष ने कॉलेज प्रांगण में पौधरोपण किया।

मोदीनगर। पर्यावरण दिवस पर एनसीसी कैडै्ट्स ने नगर में जागरुकता रैली निकाली। डॉ. केएन मोदी साइंस एण्ड कॉमर्स कॉलेज के तत्वाधान में निकाली गई रैली का शुभारम्भ प्रधानाचार्य सतीश चन्द अग्रवाल ने झण्डी दिखाकर किया। रैली बस स्टैंड से मोदी मन्दिर पहुँची फिर तरंग रोड, गुरुद्वारा रोड होती हुई कॉलेज पर जाकर समाप्त हुई।

गढ़मुक्तेश्वर। विश्व पर्यावरण दिवस पर गढ़ क्षेत्र में वन विभाग, पालिका के सहयोग से ब्रजघाट में पौधरोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। पालिका अध्यक्ष संगीता पुरुषोत्तम ने पौधरोपण के बाद कहा कि विश्व प्रदूषण की समस्या से जूझ रहा है। प्रदूषण से बचाने के लिये हमें अधिक से अधिक पौधे लगाने की जरुरत है। वन क्षेत्राधिकारी डीएस पाठक ने कहा कि गढ़ क्षेत्र में विभाग की ओर से अधिक-से-अधिक पौधे लगाने की योजना तैयार की जा रही है। गढ़, सिम्भावली एवं बहादुरगढ़ क्षेत्र के विभिन्न शैक्षिक संस्थानों में भी पौधरोपण किया गया।

ग्रेटर नोएडा। विश्व पर्यावरण दिवस पर लखनावली सूरजपुर स्थित आईटीबीपी के कैम्प परिसर समेत शहर के विभिन्न स्थानों पर पौधरोपण किया गया। आईटीबीपी के जवानों व आम लोगों ने पर्यावरण को हरा-भरा बनाए रखने का संकल्प लिया। एक्टिव सिटीजन टीम ने एक खास मुहिम की शुरुआत की है। जिसमें मानसून सीजन में 25 जुलाई को शहर में एक परिवार एक पौधा लगाएगा और उस पौधे की अपने घर के सदस्य की तरह देखभाल करेगा। लखनावली स्थित आईटीबीपी के 39वें बटालियन के कैम्प परिसर में यामाहा मोटर कम्पनी के सहयोग से पाँच सौ से ज्यादा पौधे लगाए गए। इस मौके पर हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। इस मौके पर आईटीबीपी के डीआईजी एसके ममगई, कमांडेट राजेश कुमार तोमर, सूर्य कुमार मौर्य आदि मौजूद थे। वहीं एक्टिव सिटीजन टीम ने शहर के विभिन्न पार्कों में पौधरोपण किया। टीम के मंजीत सिंह ने बताया कि मुहिम के प्रचार-प्रसार के लिये टोली बनाकर पंफलेट, पोस्टर, बैनर आदि के माध्यम से जागरुकता अभियान चलाया जाएगा। शहर के विभिन्न सामाजिक, राजनीतिक, आरडब्ल्यूए एवं प्रशासनिक विभागों से भी इस मुहिम में सहयोग लिया जाएगा। वहीं नॉलेज पार्क स्थित आईईसी कॉलेज में पौधरोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। संस्थान के निदेशक डॉ. डीबी सिंह ने कहा कि वर्तमान समय में पर्यावरण की उचित देखरेख न होने से पर्यावरण में प्रतिकूल प्रभाव देखने को मिल रहे हैं। पिछले कुछ समय से हुई असमय वर्षा, बाढ़, भूकम्प एवं अधिक गर्मी इसका प्रभाव है। प्रत्येक नागरिक को अधिक-से-अधिक पौधे लगाने चाहिए। कौशल्या वर्ल्ड स्कूल में भी स्कूल की चेयरपर्सन श्रीमती कुशल सिंह व डायरेक्टर श्रीमती मुक्ता मिश्रा ने पौधरोपण किया।

नोएडा। विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर शुक्रवार को सेक्टर-55 आरडब्ल्यूए और पर्यावरण साथी मंच ने कार्यक्रम का आयोजन किया। इसमें 21 स्कूलों के बच्चों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान बच्चों को जीवन में पेड़-पौधों की उपयोगिता के बारे में समझाया गया और पर्यावरण की रक्षा की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम की आयोजक शैल माथुर ने बताया कि बच्चों ने सेक्टर-12 स्थित अनाथ आश्रम ‘साईं कृपा’ में जाकर वहाँ के बच्चों को पौधे, किताबें, कॉपी व पेंसिल उपहार स्वरूप दिए। इसके बाद देवाशीष, अनमोल, पीहू, विन्द्रा, साँची आदि बच्चों ने जीवन मे पेड़-पौधे के महत्व व उपयोगिता के बारे में अपने विचार रखे। बच्चों ने समझाया कि अगर पेड़ न होते तो हमें रबड़, कॉपी, पेंसिलें न मिलतीं। इसके बाद सभी बच्चों ने अपने घरों के आस-पास लगे पौधों के संरक्षण, जन्मदिन में उपहार के रूप में पौधों को देने और लगाने की शपथ ली। इसके बाद सभी बच्चों ने सेक्टर-55 स्थित सेंट्रल पार्क में उद्यान विभाग के सहयोग से पौधे लगाए। कार्यक्रम में आरडब्ल्यूए के पदाधिकारी श्रीकांत बंसल, गजेन्द्र, विजय, नितिन, पंकज, पर्यावरण साथी मंच की रेनू शर्मा, सीमा सिन्हा, राजेश, सुधा, सोनम आदि मौजूद थीं।

Latest

कैसे प्रदूषण से किसी देश की अर्थव्यवस्था हो सकती है तबाह

भारत में क्यों मनाया जाता है राष्ट्रीय प्रदूषण नियंत्रण दिवस

वायु प्रदूषण कम करने के लिए बिहार बना रहा है नई कार्ययोजना

3.6 अरब लोगों पर पानी का संकट,भारत भी प्रभावित: विश्व मौसम विज्ञान संगठन

अब गंगा में प्रदूषण फैलाना पड़ेगा महंगा!

बीएमसी ने पानी कटौती की घोषणा की; प्रभावित क्षेत्रों की पूरी सूची देखें

देहरादून और हरिद्वार में पानी की सर्वाधिक आवश्यकता:नितेश कुमार झा

भारतीय को मिला संयुक्त राष्ट्र का सर्वोच्च पर्यावरण सम्मान

जल दायिनी के कंठ सूखे कैसे मिले बांधों को पानी

मुंबई की दूसरी सबसे बड़ी झील पर बीएमसी ने बनाया मास्टर प्लान