जल बोर्ड ने टैंकर से पानी वितरण की जानकारी देनी शुरू की

Author:जनसत्ता
Source:जनसत्ता, 10 जनवरी 2014
नई दिल्ली, 10 जनवरी। दिल्ली के मुख्यमंत्री और दिल्ली जल बोर्ड के अध्यक्ष अरविंद केजरीवाल के निर्देश और जल बोर्ड की टास्क फोर्स की संस्तुति के आधार पर जल बोर्ड अपने टैंकर सेवा द्वारा जल वितरण सेवाओं में सुधार करने के लिए प्रयास किया है। जल बोर्ड के टैंकरों द्वारा पानी उपलब्ध कराने संबंधित सूचना बोर्ड की वेबसाइट पर उपलब्ध करा दी गई है। जल बोर्ड का अपनी टैंकर जल वितरण सेवाओं में पारदर्शिता और पूर्वानुमेयता लाने में यह एक बहुत महत्वपूर्ण कदम है। बोर्ड के 22 डिवीजनों/जोनों में जहां पानी की कमी है, जल बोर्ड 800 विभागीय व किराए पर लिए गए टैंकरों से पानी पहुँचाता है। बचे हुए दो डिवीजनों/जोनों के लिए जल वितरण का समय सारिणी को कार्यरत करने व वेबसाइट पर डालने के प्रयास जारी हैं।

वेबसाइट में शिकायत नंबर सहित जल वितरण के समय व स्थान संबंधी जानकारी का विवरण दिया गया है। यह जानकारी दिल्ली जल बोर्ड के उपभोक्ताओं में जागरूकता पैदा करेगा और जल वितरण प्रणाली में पारदर्शिता लाएगी। बोर्ड के एक बयान के मुताबिक टैंकरों में तकरीबन आधे से ज्यादा टैंकर जीपीएस, सुविधा से लैस हैं। जिसकी वजह इन टैंकरों की गतिविधियों की जानकारी व गति स्थान का पता वास्तविक समय पर लगाया जा सकता है।

इससे जल वितरण सेवाओं में कुशलता पारदर्शिता व विश्वसनीयता को बढ़ाया जा सकेगा। प्रत्येक डिवीजन/जोन के अधिशासी अभियंता स्वयं इस बात को सुनिश्चित करेंगे कि वेबसाइट पर दी गई सारिणी का पालन हो। समय सारिणी के पालन में हुए किसी प्रकार के अंतर को अधीक्षण अभियंता की जानकारी में लाया जाएगा। साप्ताहिक और पाक्षिक बदलावों की जानकारी का संकलन का समालोचन अधीक्षण अभियंता और मुख्य अभियंता द्वारा किया जाएगा। इन्हीं बदलावों की मासिक रिपोर्ट सदस्य (जल आपूर्ति) द्वारा मुख्य कार्यकारी अधिकारी को पहुंचाई जाएगी।

सभी संबंधित क्षेत्रों के अधिशासी अभियंताओं को निर्देश दिया गया है कि इस जानकारी को सारिणी के सुनिश्चित होने के बाद लोकल रेजीडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के साथ बांटा जाए जिससे प्रत्येक उपभोक्ता को अपनी जल संबंधी जरूरतों के प्रबंधन के लिए पर्याप्त जानकारी उपलब्ध हो। जल वितरण के निर्धारित स्थानों में आवश्यकतानुसार बदलाव रेजीडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के साथ परामर्श करके ही लाई जाएं। इस पूरे अभियान का अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी की अध्यक्षता में गठित टास्क फोर्स द्वारा किया जाएगा। इसकी जांच रिपोर्ट को हर माह के तीसरे कार्य दिवस पर मुख्य कार्यकारी अधिकारी, दिजबो, को प्रस्तुत किया जाएगा। टास्कफोर्स को यह भी निर्देश दिया गया है कि वे ऐसे उचित मापदंड निर्धारित करें, जिसके फलस्वरूप संपूर्ण अभियान की कुशलता और दिजबो की सेवा संतुष्टि के स्तर को मापा जाए।

Latest

मिलिए 12 हज़ार गायों को बचाने वाले गौरक्षक से

स्वस्थ गंगा: अविरल गंगा: निर्मल गंगा

पीएम मोदी का बचपन जहाँ गुजरा कभी वहां था सूखा आज बदल गई पूरी तस्वीर 

वायु प्रदूषण के सटीक आकलन और विश्लेषण के लिए नया मॉडल

गंगा का पानी प्लास्टिक और माइक्रोप्लास्टिक से प्रदूषित, अध्ययन में पता चला

शेरनी:पर्यावरण और वन्यजीव संरक्षण पर ध्यान आकर्षित करने का प्रयास

जलवायु परिवर्तन के संकट से कैसे लड़ रहे है पहाड़ के किसान

यूसर्क द्वारा “वाटर एजुकेशन लेक्चर सीरीज” के अंतर्गत “जल स्रोत प्रबंधन के सफल प्रयास पर ऑनलाइन कार्यक्रम का आयोजन

वर्ल्ड एक्वा कांग्रेस 15वाँ अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन

कोविड-19 के जोखिम को बढ़ा सकता है जंगल की आग से निकला धुआं: अध्ययन