नीर फाउंडेशन ने मनाया वन महोत्सव

Org नाम नीर फाउंडेशन ने मनाया वन महोत्सव

वर्ष 2011 के वन महोत्सव (1-7 जुलाई) में नीर फाउंडेशन ने वन विभाग के साथ मिलकर वृक्षारोपण का निर्णय लिया। संस्था द्वारा तय किया गया कि विभाग के माध्यम से इस बार विभिन्न स्थानों पर करीब 500 पेड़ लगाए जाएंगे। इसके लिए तीन स्थानों का भी चयन किया गया। संस्था द्वारा इस अभियान को वर्ल्ड अर्थ नेटवर्क से भी जोड़ दिया गया, जिससे कि वर्ष 2011 का यह वन महोत्सव एक अन्तर्राष्ट्रीय गतिविधि में भी शामिल हो गया। गौरतलब है कि वर्ष 2011 को यूनाइटेड नेशन्स द्वारा पहले ही अन्तर्राट्रीय वन वर्ष घोषित किया हुआ है।

गंगोल सरोवर:
संस्था द्वारा 3 जुलाई, 2011 को मेरठ जनपद के मेरठ ब्लॉक स्थित ऐतिहासिक गंगोल (विश्वामित्र) सरोवर पर वृक्षारोपण का कार्यक्रम आयोजित किया गया। यहां वन विभाग द्वारा संस्था को विभिन्न प्रजातियों (नीम, पीपल, जामुन, पिलखन, रीठा, इमली व कनेर आदि) के 200 पौधे उपलब्ध कराए गए। इन सभी पौधों को सरोवन के निकट बने पार्क में रोपित किया गया।

इस अवसर पर सीडीओ मेरठ पीएन सिंह, डीएफओ मेरठ ललित वर्मा, डीएचओ, बीडीओ, सिंचाई विभाग के ए पी सिंह, थाना प्रमुख बीडी पुष्कर सहित जिले के अन्य अधिकारियों ने भी हिस्सा लिया। इसके अतिरिक्त मेरठ के सांसद राजेन्द्र अग्रवाल, ब्लॉक प्रमुख मेरठ पप्पु गुर्जर, नीर फाउंडेशन के प्रतिनिधि, ग्रामीण तथा गंगोल सरोवर के महन्तों ने भी वृक्षारोपण किया।

बीडीएस इंस्टीटयूट:

4 जुलाई, 2011 को मेरठ की जागृति विहार कॉलोनी स्थित बीडीएस इंस्टीटयूट में 30 पौधे रोपित किए गए। इसमें नीम, इमली, जामुन व पिलखन के वृक्ष लगाए।

इस अवसर पर वन विभाग के जोगा सिंह, बीडीएस के चैयरमेन धर्मेन्द्र शर्मा, युवा नेता विनय प्रधान, अजय पण्डित, देवेन्द्र गुर्जर, रजत त्यागी व राजीव चौधरी सहित इंस्टीटयूट की फैक्ल्टी के प्रत्येक सदस्य ने एक-एक वृक्ष लगाया।

गांधारी सरोवर: मेरठ जनपद के ऐतिहासिक कस्बे परीक्षितगढ़ में 7 जुलाई, 2011 को गांधारी सरोवर पर भी वृक्षारोपण का कार्यक्रम आयोजित किया गया।

गांधारी सरोवर पर नीम, जामुन, पीपल, पिलखन, आम व इमली के 55 पौधे रोपित किए गए। इसमें मुख्य अतिथि के रूप में मेरठ मण्डल के मण्डलायुक्त भुवनेश कुमार रहे। कंजरवेटर ऑफ फोरेस्ट , डीएफओ मेरठ ललित वर्मा, एसडीएम मवाना बच्चु सिंह सहित संस्था के प्रतिनिधियों, कस्बावासियों व ग्रामीणों ने मिलकर यहां वृक्षारोपण किया।

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