प्रात समै खटिया स उठिकै

Author:घाघ और भड्डरी

प्रात समै खटिया स उठिकै, पीवै ठंडा पानी।
ता घर वैद कबौ नहीं आवै, बात घाघ की मानी।।


भावार्थ- घाघ का मानना है कि जो व्यक्ति प्रातः काल खाट से उठते ही ठंडा पानी पीता है उसका स्वास्थ्य इतना अच्छा रहता है कि कभी डॉक्टर या वैद्य की जरूरत नहीं पड़ती।